देहरादून : वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) देहरादून के सख्त निर्देशों पर दून पुलिस ने आज शहर और ग्रामीण इलाकों में अकेले रह रहे सीनियर सिटीजनों के द्वार पर दस्तक दी। थाना-प्रभारी से लेकर कांस्टेबल तक सभी ने बुजुर्गों की कुशलक्षेम पूछी, उनकी परेशानियां सुनी और हर संकट में सहारा बनने का भरोसा दिलाया।
जनपद के सभी थाना क्षेत्रों में चले इस ‘बुजुर्ग सुरक्षा अभियान’ के तहत पुलिसकर्मियों ने सीनियर सिटीजनों को चीता पुलिस हेल्पलाइन और वरिष्ठ अधिकारियों के मोबाइल नंबर सौंपे। एक बुजुर्ग निवासी श्रीमती कमला देवी (75 वर्ष) ने बताया, “पुलिस भाई घर आया, चाय पिलाई और बोला- मां जी, कोई दिक्कत हो तो फोन करना। इतने दिनों बाद लगा कि कोई अपना है आसपास।
” इसी तरह, राजपुर रोड के निवासी रिटायर्ड कर्नल एचके शर्मा ने कहा, “साइबर फ्रॉड के नए तरीकों की जानकारी मिली, अब सतर्क रहेंगे।” पुलिस ने विशेष रूप से साइबर क्राइम पर फोकस किया। फिशिंग कॉल, ऑनलाइन ठगी और डिजिटल जालसाजी जैसे खतरों से बचने के टिप्स दिए गए। एसएसपी दून ने कहा, “हमारे बुजुर्ग समाज के अमूल्य रत्न हैं। अकेलेपन और अपराध का शिकार न हों, इसके लिए हमारी टीमें नियमित संपर्क में रहेंगी।”
अभियान की सफलता का सबसे सुंदर क्षण तब आया जब भावुक बुजुर्गों ने पुलिसकर्मियों के सिर पर हाथ फेरकर आशीर्वाद दिया। एक पुलिसकर्मी ने हंसते हुए कहा, “आशीर्वाद मिला तो लगा जैसे ड्यूटी से बढ़कर पारिवारिक बंधन बन गया।” दून पुलिस के इस मानवीय प्रयास की चारों ओर सराहना हो रही है, जो अपराध नियंत्रण से कहीं आगे जाकर सामाजिक सुरक्षा का प्रतीक बन गया।
